“योगी सरकार में 12 साल से एक ही कुर्सी पर जमे अधिकारी के खिलाफ एकता सेवा सोसाइटी की बड़ी शिकायत!”
नजीबाबाद में डिप्टी लॉकिंग ऑफिसर पर गंभीर आरोप—‘बिना चढ़ावा नहीं होता काम’, जांच और ट्रांसफर की मांग तेज

बिजनौर (नजीबाबाद) से बड़ी खबर—
उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री Yogi Adityanath की “जीरो टॉलरेंस” नीति के बीच अब एक बड़ा मामला सामने आया है, जहां “एकता सेवा सोसाइटी, उत्तर प्रदेश” ने आधिकारिक रूप से शिकायत दर्ज कर प्रशासन को कटघरे में खड़ा कर दिया है।
सोसाइटी द्वारा दी गई शिकायत के अनुसार, नजीबाबाद में तैनात डिप्टी लॉकिंग ऑफिसर शिवकुमार पिछले 12 नवंबर 2014 से लगातार एक ही स्थान पर जमे हुए हैं, जो कि राज्य की ट्रांसफर नीति पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
एकता सेवा सोसाइटी ने अपने आरोपों में कहा है कि—
👉 कार्यालय में कथित रूप से बिना “चढ़ावा” दिए कोई काम नहीं होता
👉 फाइलों के निस्तारण के नाम पर अवैध वसूली की जाती है
👉 पद का दुरुपयोग कर अवैध आर्थिक लाभ अर्जित किया जा रहा है
इसके साथ ही सोसाइटी ने यह भी आरोप लगाया है कि—
👉 सरकारी पेड़ों के कटान में अनियमितताएं हुई हैं
👉 लकड़ी ठेकेदारों के साथ मिलीभगत कर अवैध संपत्ति अर्जित की गई है
सोसाइटी का कहना है कि इतने लंबे समय से एक ही स्थान पर तैनाती राजनीतिक संरक्षण की ओर इशारा करती है, जिससे प्रशासनिक पारदर्शिता पर गंभीर प्रश्नचिह्न लग रहे हैं।
एकता सेवा सोसाइटी, उत्तर प्रदेश ने अपनी शिकायत में स्पष्ट मांग की है कि—
➡️ पूरे मामले की उच्चस्तरीय निष्पक्ष जांच कराई जाए
➡️ संबंधित अधिकारी का तत्काल स्थानांतरण किया जाए
➡️ दोषी पाए जाने पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए
अब बड़ा सवाल यह है कि—
क्या मुख्यमंत्री Yogi Adityanath की “जीरो टॉलरेंस” नीति के तहत इस मामले में सख्त कार्रवाई होगी या फिर यह मामला भी फाइलों में दबकर रह जाएगा?

रिपोर्ट हाजी मो कासिम




