बिजनौर में ‘डॉक्टर’ पर गंभीर आरोप: महिला से छेड़छाड़ का मामला, थाने तक पहुंचकर सुलझा!
ब्यूरो रिपोर्ट

🚨 बिजनौर में ‘डॉक्टर’ पर गंभीर आरोप: महिला से छेड़छाड़ का मामला, थाने तक पहुंचकर सुलझा!
बिजनौर (कोतवाली देहात):
जनपद बिजनौर के थाना कोतवाली देहात क्षेत्र के एक गांव में खुद को डॉक्टर बताने वाले एक व्यक्ति पर महिला से छेड़छाड़ के गंभीर आरोप लगे हैं। घटना के बाद गांव में काफी तनाव की स्थिति बन गई।
🔥 महिला के आरोप से मचा हड़कंप
ग्रामीणों के अनुसार, उक्त व्यक्ति गांव में पशुओं का इलाज कर रहा था और खुद को “सरकारी डॉक्टर” बता रहा था। आरोप है कि एक घर में महिला को अकेला पाकर उसने अभद्र व्यवहार किया, जिसके बाद गांव में आक्रोश फैल गया।
👊 ग्रामीणों ने पकड़ा, मामला बढ़ा
घटना की जानकारी मिलते ही ग्रामीणों ने आरोपी को पकड़ लिया और विरोध जताया। स्थिति कुछ समय के लिए तनावपूर्ण बनी रही।
🏢 थाने तक पहुंचा मामला, वहीं हुआ निपटारा
बताया जा रहा है कि मामला बाद में थाने तक पहुंचा, जहां दोनों पक्षों के बीच बातचीत के बाद मामले को वहीं पर निपटा दिया गया। हालांकि, इस निपटारे को लेकर क्षेत्र में कई तरह की चर्चाएं भी चल रही हैं।
🧾 आरोपी का पक्ष
आरोपी, जिसका नाम कुमार सानू बताया जा रहा है, ने सभी आरोपों को निराधार बताते हुए कहा है कि वह न तो सरकारी डॉक्टर है और न ही उसने कोई गलत हरकत की है।
⚠️ पुलिस की स्थिति
सूत्रों के मुताबिक, इस मामले में कोई औपचारिक लिखित शिकायत दर्ज नहीं हुई है, जिसके चलते पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक कार्रवाई सामने नहीं आई है।
❗ उठते सवाल
क्या आरोपी वास्तव में फर्जी डॉक्टर बनकर गांव में घूम रहा था?
महिला के आरोपों की सच्चाई क्या है?
अगर मामला गंभीर था, तो बिना औपचारिक कार्रवाई के निपटारा क्यों हुआ?
👀 चर्चाओं का बाजार गर्म
गांव और आसपास के क्षेत्रों में इस घटना को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हैं। लोग इस बात पर सवाल उठा रहे हैं कि ऐसे गंभीर आरोपों का निपटारा क्या केवल आपसी समझौते से हो जाना चाहिए था?
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⚖️ निष्कर्ष
यह मामला अब भी कई सवाल छोड़ता है। सच्चाई चाहे जो भी हो, ऐसे मामलों में पारदर्शी जांच और उचित कानूनी प्रक्रिया बेहद जरूरी मानी जाती है।




